मिथिलेश पटवा नै मानाया वृद्धजनों के साथ अपने बच्चे का जन्मदिन।

चंदौली के वृद्ध आश्रम के अधीक्षक स्वयं पूरी जानते हुए।

रिपोर्टर प्रवीन कुमार श्रीवास्तव के साथ राजेश चौहान रिपोर्टर (सकलडीहा)

मिथिलेश पटवा सकलडीहा के एक छोटे व्यापारी वह समाजसेवी है जिंदगी में एक अच्छी पहल और एक अच्छी सोच के साथ उन्होंने अपने बच्चे के जन्मदिन पर चंदौली के वृद्ध आश्रम में पहुंचकर बृद्ध जनों के साथ अपने बच्चे का जन्मदिन मनाया एक बेहतर समाज में संदेश दे रहे हैं और उन लोगों के जिन्होंने अपने माता पिता को उस वृद्धा आश्रम मे छोड़ दिया है खुद के लिए एक संदेश छोड़ रहे हैं कि जिस माता-पिता ने उन्हें उनके जन्मदिन पर तमाम सुख-सुविधाओं से उन्हें लाभान्वित किया है आज वही बच्चे और माता पिता को इन संस्थाओं के भेजकर समाज में क्या दर्शाता चाहते हैं संस्था के संरक्षक अधीक्षक भी साथ में उपस्थित होकर वृद्धजनों के भोजन निर्माण में सहयोग प्रदान करते नजर आए जहां भावनाओं के साथ मिलाप हो जाता है वह स्वर्ग जैसी छवि नजर आती है वृद्धजन बहुत प्रसन्न नजर आ रहे थे और अपने बच्चों के साथ बिताए दिनों को भी याद करते थे इन सभी आयोजनों से उनके कष्टों को दूर नहीं कर सकते लेकिन कुछ समय उन्हें देकर या अपनी भावनाओं को प्रदर्शित करने का मौका दे सकते हैं और स्वर्ग जैसे माहौल में खुद अपना समय देकर मिथिलेश पटवा बहुत ही गौरवान्वित महसूस कर रहे थे और उनका पूरा परिवार उनके बच्चे के साथ इस  अवसर पर परिजनों के साथ प्रसन्नता पूर्वक समय बिताकर और उनके साथ अपना आयोजन कर उनको भोजन खिला कर बहुत ही प्रसिद्ध चित होकर बार बार खुशी का आभास और इजहार कर रहे थे सबसे ज्यादा खुशी  वृद्ध जनों के बीच प्राप्त कर अपने आपको धन्य और सौभाग्य से परिपूर्ण होने की बात कह रहे थे। और समाज भी लाखों रुपए खर्च करके इस प्रसन्नता को प्राप्त नहीं कर सकता है जो  मिलजुल कर बुजुर्गों के साथ अपनी खुशियों को बांटने में होता है वह करोड़ों खर्च करके भी प्रसन्नता प्राप्त नहीं की जा सकती इस समाज को धीरे धीरे बदलाव की तरफ आना चाहिए और संयुक्त परिवार की संकल्पना से समाज को फिर से एक साथ इस परिवार को प्रसन्न रखने का प्रयास करते रहना चाहिए ऐसा मिथिलेश पटवा की सोच है और इस सोच को समाज में प्रसारित करने हेतु हिंदुस्तान न्यूज़ संकल्पित है।